छत्तीसगढ़ राज्य के राजनंदगाँव से वीरेंदर गंदर्व ,मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते है कि तन मन स्वस्थ है तो जीवन स्वस्थ है। सबसे पहले शारीरिक उन्नति होना ज़रूरी है। इसका मतलब है कि शरीर से रोग दूर रहे। ये तब ही होगा जब नियम अनुसार जीवन जिए। कब खेलना है ,कब खाना है ,कब सोना है ये समय से हो,अच्छा पौष्टिक आहार खाए,मशीनों से दूर रहे। महापुरुषों की किताबें पढ़े ,समाज सेवा करें। इससे शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य स्वस्थ रहेगा। जीवन जीना एक कला है,उसे प्राप्त करे।
