साथियों, युवा जंक्शन मंच आपके लिए लेकर आया है ख़ास प्रतियोगिता।प्रतियोगिता मे भाग लेने के लिए अभी दबाएं नंबर 9.
Transcript Unavailable.
हंसने-हंसाने से इंसान खुश रहता है, जिससे मानसिक तनाव, चिंता और डिप्रेशन कम होता है। दोस्तों, उत्तम स्वास्थ्य के लिए हंसी-मज़ाक बहुत ज़रूरी है। इसीलिए मोबाइल वाणी आपके लिए लेकर आया है कुछ मजेदार चुटकुले, जिन्हें सुनकर आप अपनी हंसी रोक नहीं पाएंगे.. हो जाइए तैयार।
दीक्षांत समारोह/विदाई समारोह। विकास भारती कोचिंग सेंटर जोगबनी। प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी स्थानीय विकास भारती कोचिंग सेंटर जोगबनी में दीक्षांत समारोह आयोजित कर 12वीं के छात्र-छात्राओं को भावभीनी विदाई दी गई। विदाई समारोह में प्रत्येक बच्चों को शिक्षक गणेश सर के हाथों प्रशस्ति पत्र कलाम और चॉकलेट देकर उन्हें सम्मानित भी किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलित एवं विद्या की देवी माँ सरस्वती की वंदना से की गई। विदाई कार्यक्रम में बच्चों ने सुंदर नृत्य और कोचिंग सेंटर में बितायें पलों को याद कर भावुक भी हो गयें। समारोह के दौरान कोचिंग सेन्टर के संचालक गणेश साहा अपने संबोधन में कहा कि आप सभी हमेशा याद आएंगे, जीवन में विषम से विषम परिस्थिति क्यों ना आए लेकिन अपने अनुशासन और संस्कार को कभी नहीं त्यागेंगे, बल्कि उन परिस्थितियों से डटकर सामना करेंगे, क्योंकि शिक्षा का उद्देश्य परीक्षा में केवल अच्छे अंक प्राप्त करना नहीं होता है, बल्कि शिक्षा के माध्यम से नई चीजों को सीखने के साथ-साथ उसे अपने जीवन में शामिल करना भी होता है। बच्चे हमारे देश का भविष्य है इसलिए हमें उन्हें अच्छी और नैतिक व बेहतर तरीकों से शिक्षा ग्रहण करने पर जोर देना चाहिए, ताकि वह जीवन में आयी हर समस्या से सामना कर सकें। समारोह के उपरांत सभी बच्चों को कोचिंग सेंटर की ओर से भोजन भी करवाई गई। इस विदाई समारोह में प्रमुख बच्चों में रेशम कुमारी,मौसम कुमारी, गुड़िया कुमारी, हिना खातून,आरती,सिमरन, आँचल,नेहा, अंजली,आलमीन, तरन्नुम, दिव्या, दीपा, मानसी, अंजलि, मुस्कान, ललन यादव, करण यादव, सचिन, मनीष, रिशु, मोविन, सरफराज, फहीम, आदित्य, आफताब, विक्रम, सुनील, राहुल, सूरज, निहाल, आदि दर्जनों छात्राओं को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाओं के साथ सभी को भाविनी विदाई दी गई।
Transcript Unavailable.
सुनिए एक प्यारी सी कहानी। इन कहानियों की मदद से आप अपने बच्चों की बोलने, सीखने और जानने की समझ बढ़ा सकते है। ये कहानी आपको कैसी लगी? क्या आपके बच्चे ने ये कहानी सुनी? इस कहानी से उसने कुछ सीखा? क्या आपके पास भी कोई नन्ही कहानी है? हमें बताइए, फ़ोन में नंबर 3 का बटन दबाकर।
जन्म से आठ साल की उम्र तक का समय बच्चों के विकास के लिए बहुत खास है। माता-पिता के रूप में जहाँ हम परवरिश की खूबियाँ सीखते हैं, वहीँ इन खूबियों का इस्तेमाल करके हम अपने बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास को बढ़ावा दे सकते है। इस बारे में श्रोताओं की क्या राय है, चलिए सुनते हैं. इस बारे में बचपन मनाओ... सुन रहे दूसरे साथियों को भी जानकारी दें। अपनी बात रिकॉर्ड करने के लिए दबाएं नंबर 3.
Transcript Unavailable.
प्रधानमंत्री सूर्योदय योजना एक महत्वाकांक्षी योजना है जिसके तहत देश के लगभग 1 करोड़ लोगों को इससे फायदा पहुंचेगा। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी जानकारी
कृषि विज्ञान केंद्र में जारी किया मौसम पूर्वानुमान
