बाढ़ के पानी में आवागमन का एक मात्र विकल्प है नाव। लेकिन शहद माधव गांव के लोगों के पास नाव की कोई व्यवस्था है ही नहीं। इसलिए उन्होंने जुगाड़ लगा कर खुद से बनाया है नाव। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।